आजकल चुनाव आयोग आगामी उत्तर प्रदेश चुनाव (UP Election 2017) की तैयारियों में व्यस्त है. सूत्रों से ज्ञात हुआ है कि यूपी इलेक्शन की तारीख 15  दिसंबर के बाद कभी घोषित हो सकती हैं.

election commission to announce UP Election dates after 15 decemberचुनाव आयोग के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा “हमें 15  दिसंबर के बाद चुनाव की तारीख घोषित करने के लिए मानसिक रूप से तैयार रहने को कहा गया है.” अगर ऐसा हुआ तो इलेक्शन कमीशन के पास देश के सबसे बड़े राज्य के चुनावों के लिए बेहद कम समय रह जायेगा.

“हमारे पास आराम से बैठने का बिलकुल वक़्त नहीं है. हमारा सारा ध्यान चुनाव की तैयारी पर है.”

उन्होंने यह भी बताया कि चुनाव आयोग वोटर लिस्ट 2 जनवरी तक जारी कर देगा. चुनाव इन्हीं सूची के आधार पर कराये जायेंगे. हालांकि अभी यह नहीं पता चल सका है कि चुनाव कितने बार में कराये जायेंगे.

इस अधिकारी ने आगे कहा कि चुनाव आयोग मतदाता सूची जारी करने की समय सीमा का पालन करने में सफल रहेगा. चुनाव आयोग इस बार युवा मतदाताओं को चुनाव में भाग लेने के लिए प्रेरित करने के लिए विशेष प्रयास कर रहा है.

सूत्रों के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव 10 फरवरी से 15 मार्च तक छह चरणों में होंगे। इसी के साथ सूबे में आचार संहिता लागू हो जाएगी।

आचार संहिता के तहत कोई दल या उसका प्रत्याशी कोई ऐसा काम नहीं कर सकते जो विभिन्न जातियों, धार्मिक और भाषाई समुदायों के बीच मतभेदों को बढ़ाये, घृणा और तनाव पैदा करे।

आचार संहिता के नियम अनुसार राजनीतिक दलों की आलोचना उनकी नीतियों, कार्यक्रमों, उनकी पुरानी छवि और काम तक ही सीमित होनी चाहिए। व्यक्तिगत जीवन के किसी पहलू की आलोचना नहीं की जानी चाहिए।

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किसी भी सभा से पहले उसके स्थान और समय के बारे में स्थानीय पुलिस अधिकारियों को पूर्व सूचना देनी आवश्यक है, जिससे यातायात को नियंत्रित करने और शांति व्यवस्था बनाये रखने के लिए जरूरी इंतजाम किया जा सके।

आचार संहिता के मुताबिक, जुलूस में ऐसी चीजों का प्रयोग नहीं होना चाहिए, जिनका दुरुपयोग उत्तेजना के क्षणों में हो सके।